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रूस से लौटे विदेश मंत्री एस जयंशकर ने पीएम मोदी से की मुलाकात, भेंट की अपनी किताब की पहली प्रति

विदेश मंत्री ने अपनी नई किताब का एक हिस्सा भी शेयर किया, जिसमें लिखा था, ‘ग्लोबल हाइरार्की पर चढ़ने की भारत की खोज एक अंतहीन यात्रा है.’

नई दिल्ली:

S Jaishankar with PM Modi: विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपनी किताब ‘वाय भारत मैटर्स’ की पहली प्रति भेंट की. सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर विदेश मंत्री जयशंकर ने पीएम मोदी के साथ अपनी मुलाकात के बारे में एक पोस्ट शेयर कर बताया, ‘आज शाम पीएम नरेंद्र मोदी को अपनी किताब ‘वाय भारत मैटर्स’ की पहली प्रति भेंट करते हुए सम्मानित महसूस कर रहा हूं.’

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विदेश मंत्री ने अपनी नई किताब का एक हिस्सा भी शेयर किया, जिसमें लिखा था, ‘ग्लोबल हाइरार्की पर चढ़ने की भारत की खोज एक अंतहीन यात्रा है.’ इससे पहले एस जयशंकर ने बताया कि उनकी नई किताब ‘वाय भारत मैटर्स’ का अंग्रेजी संस्करण 2024 की शुरुआत में आएगा. पीएम मोदी से विदेश मंत्री की यह मुलाकात 25 से 29 दिसंबर तक की उनकी रूस की यात्रा पूरी होने के बाद हुई है.

एस जयशंकर ने की पुतिन से मुलाकात

विदेश मंत्रालय ने शनिवार को कहा कि विदेश मंत्री एस जयशंकर की रूस यात्रा ने पहले से जारी द्विपक्षीय सहयोग की समीक्षा करने और विशेषाधिकार प्राप्त रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करने का अवसर प्रदान किया है. अपनी रूस यात्रा के दौरान एस जयशंकर ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात की और उपप्रधानमंत्री एवं उद्योग व्यापार मंत्री डेनिस मंटुरोव के साथ चर्चा की. उन्होंने अपने रूसी समकक्ष सर्गेई लावरोव से भी मुलाकात की.

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उनकी रूस यात्रा के दौरान कुडनकुलम परमाणु ऊर्जा संयंत्रों से संबंधित तीन दस्तावेजों, औषधि और स्वास्थ्य सेवा में सहयोग पर एक समझौता ज्ञापन तथा विदेश कार्यालय परामर्श पर एक प्रोटोकॉल पर हस्ताक्षर किए गए. विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा, ‘विदेश मंत्री की रूस यात्रा ने जारी द्विपक्षीय सहयोग की समीक्षा करने तथा दोनों देशों के बीच विशेषाधिकार प्राप्त रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करने का अवसर प्रदान किया है.’

पुतिन ने पीएम मोदी के लिए भेजा निमंत्रण

इसमें कहा गया, ‘भारत-रूस संबंध रणनीतिक, भूराजनीतिक हितों और दोनों देशों के बीच पारस्परिक रूप से लाभकारी सहयोग के आधार पर मजबूत एवं स्थिर बने हुए हैं.’ बुधवार को, क्रेमलिन में जयशंकर की पुतिन से मुलाकात के दौरान रूसी राष्ट्रपति ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अगले साल रूस आने का निमंत्रण दिया. पुतिन ने जयशंकर से कहा, ‘हमें अपने मित्र प्रधानमंत्री मोदी को रूस में देखकर खुशी होगी.’ अब तक भारत और रूस में बारी-बारी से 21 वार्षिक शिखर सम्मेलन हो चुके हैं. पिछला शिखर सम्मेलन दिसंबर 2021 में नई दिल्ली में हुआ था.

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