दुनिया

अंतरिक्ष में 9 महीने रहने के बाद धरती पर आते ही सुनीता विलियम्स के साथ होगा, जानिए

Latest and Breaking News on NDTV

अंतरिक्ष यात्रियों को धरती की ग्रैविटी के हिसाब से ढालने के लिए स्पेस एजेंसीज खास रिहैबिलिटेशन प्रोग्राम बनाती हैं. इसके तहत अंतरिक्ष से लौटे यात्रियों को कुछ खास काम कराए जाते हैं. 

  • जमीन पर चलाने की शुरुआत धीरे धीरे की जाती है.
  • पहले नरम सतह पर चलाया जाता है.
  • पैरों को मजबूत बनाने के व्यायाम कराए जाते हैं.
  • बैलेंस यानी संतुलन बनाने का प्रशिक्षण दिया जाता है.
  • उसी हिसाब से खान-पान और जरूरी दवाएं भी तय होती हैं.
  • कई हफ़्तों तक रिहैबिलिटेशन किया जाता है. 
  • अंतरिक्ष यात्री लगातार नासा की मेडिकल टीम की निगरानी में रहते हैं.

पहले भी अंतरिक्ष में आठ महीने बीता चुके हैं यात्री

पिछले ही साल 25 अक्टूबर को नासा के तीन अंतरिक्ष यात्री और एक रूसी अंतरिक्ष यात्री इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन में आठ महीने रहने के बाद वापस लौटे. उन्हें लेकर लौटा स्पेस एक्स कैप्सूल गल्फ ऑफ मैक्सिको में उतरा. इसके तुरंत बाद तीनों को फ्लोरिडा के अस्पताल ले जाया गया. इनके साथ रूस के भी एक अंतरिक्ष यात्री भी थे लेकिन तीनों अमेरकी अंतरिक्ष यात्रियों में से एक को किसी मेडिकल वजह से रात भर अस्पताल में रखा गया. मेडिकल गोपनीयता का हवाला देते हुए नासा ने ये नहीं बताया कि किस अंतरिक्ष यात्री को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा.तब एक अंतरिक्ष यात्री मिचेल ब्राट ने कहा था कि स्पेसफ्लाइट ऐसी चीज है जिसे अभी हम ठीक से समझ नहीं पाए हैं. हमें ऐसी चीजें पता लग रही हैं जिनकी हमें कई बार उम्मीद नहीं होती. ये ऐसा ही एक समय था. हम अब भी चीजो को समझ ही रहे हैं. 

यह भी पढ़ें :-  जिद पर अड़ा है चीन! तिब्बत के भूकंप ने ब्रह्मपुत्र पर चीन के सबसे बड़े बांध को लेकर रेड अलर्ट दे दिया है


Show More

संबंधित खबरें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button