The HindkeshariElection Carnival : शिमला में कौन मारेगी बाजी? BJP और कांग्रेस में है सीधी टक्कर

शिमला में भाजपा और कांग्रेस ने अपनी-अपनी जीत के दावे किए.
The Hindkeshariका इलेक्शन कार्निवल 9,550 किलोमीटर की दूरी तय कर शिमला पहुंचा. पहाड़ी किंग कुलदीप सिंह ने शिमला के वोटर्स को गाने सुनाकर वोट डालने की अपील की. शिमला में भाजपा और कांग्रेस का सीधा मुकाबला है. शिमला में सुरेश कश्यप भाजपा उम्मीदवार हैं. पिछले लोकसभा चुनाव में भी वही चुनाव जीते थे. कांग्रेस से विनोद सुल्तानपुरी चुनाव लड़ रहे हैं. शिमला में 1 तारीख को मतदान होगा.
“आम जनता का क्या होगा?”
भाजपा नेता संदीपनी भारद्वाज ने कहा कि कांग्रेस की सरकार में विधायक ही दुखी हैं तो आम जनता का क्या होगा? इनके विधायक इनसे दुखी होकर भाजपा का दामन थामने के लिए हमारे पास आए हैं. हमने पिछले लोकसभा चुनाव में 6 लाख वोट पाए थे और कांग्रेस को मात्र 2 लाख 17 हजार वोट मिला था. इस बार हम 4 लाख से ऊपर मतों से जीतेंगे. हिमाचल प्रदेश में 4 लोकसभा और 6 विधानसभा की सीट भी जीतेंगे. हिमाचल आपदा के समय केंद्र सरकार ने हर तरह की मदद की. सभी बड़े नेताओं ने राज्य का दौरा किया.
“सरकार को गिराने की साजिश”
कांग्रेस नेता संजय अवस्थी ने कहा कि लोकतंत्र का सबसे बड़ा पर्व चुनाव होता है. इस बार हिमाचल प्रदेश में विपक्ष ने एक नई परंपरा शुरू की है. जनता इसे पसंद नहीं करेगी. इस लिहाज से हिमाचल प्रदेश के लिए यह बहुत महत्वपूर्ण चुनाव है. सिटिंग एमएलए को चुनावी मैदान में उतारने के निर्णय पर उन्होंने कहा कि यह मुख्यमंत्री के आत्मविश्वास को दिखाता है. सर्वे में जिनका नाम आया, उन्हें टिकट मिला. भाजपा के नेता लोगों को भ्रमित करने का प्रयास कर रहे हैं कि हमारी सरकार अल्पमत है. इसी भ्रम को तोड़ने के लिए हमने सीटिंग विधायकों को टिकट दिया. मंडी में भी इसीलिए विक्रमादित्य सिंह को टिकट दिया. इन्होंने हमारे 6 विधायकों को खरीदा. भाजपा ने यदि काम किए होते तो विपक्ष में नहीं बैठते. सत्ता के लालच में मात्र 15 महीने में ही हमारी सरकार को गिराने की साजिश रच दी.
कांग्रेस के समर्थन में लेफ्ट
लेफ्ट की तरफ से कार्यक्रम में शामिल कुलदीप तंवर ने कहा कि सीपीआईएम हिमाचल प्रदेश में विपक्ष के रूप में जानी जाती है. इसका कोई कार्यकर्ता विधानसभा में नहीं है, लेकिन लोगों के मुद्दे को लेकर सड़क पर उतरती है. लोगों के बीच में रहती है. इस बार इंडिया गठबंधन में सीपीआईएम है और हम हिमाचल की सभी सीटों पर कांग्रेस को सहयोग कर रहे हैं. वोट में तो कम असर होगा लेकिन हम इंफ्लूएंस बहुत करते हैं. ऑडियंस में मौजूद लोगों में कइयों ने बेरोजगारी और महंगाई का मुद्दा उठाया तो दर्शकों में से ही कइयों ने आजादी से अब तक कांग्रेस के वादे पूरे नहीं करने की याद दिला दी.