देश

मतगणना से पहले भूपेश बघेल का बड़ा आरोप, बोले- उनके संसदीय क्षेत्र में बदल दी गईं EVM मशीनें


नई दिल्ली:

लोकसभा चुनाव (Lok Sabha Elections 2024) को लेकर मंगलवार को वोटों की गिनती होनी है, लेकिन नतीजों से बस चंद घंटे पहले छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री और राजनांदगांव से कांग्रेस प्रत्याशी भूपेश बघेल ने चुनावी प्रक्रिया को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं. उन्होंने दावा किया कि उनके संसदीय क्षेत्र में ईवीएम (EVM) मशीनों को बदला गया है. भूपेश बघेल ने चुनाव आयोग के आंकड़ों का हवाला देते हुए इसका दावा किया. उन्होंने चुनाव आयोग से पूछा कि किन परिस्थितियों में मशीनें बदली गई हैं और चुनाव परिणाम पर होने वाले असर के लिए कौन ज़िम्मेदार होगा? 

भूपेश बघेल ने एक्स पर लिखा, “चुनाव आयोग ने चुनाव में प्रयुक्त होने वाली मशीनों के नंबर दिए थे. इसमें बैलेट यूनिट, कंट्रोल यूनिट और वीवीपैट शामिल हैं. मेरे चुनाव क्षेत्र राजनादगांव मतदान के बाद फ़ॉर्म 17सी में जो जानकारी दी गई है‌, उसके अनुसार बहुत सी मशीनों के नंबर बदल गए हैं. जिन बूथों पर नंबर बदले हैं उससे हज़ारों वोट प्रभावित होते हैं और भी कई लोकसभा क्षेत्रों में यही शिकायतें मिली हैं. हम राज्य निर्वाचन पदाधिकारी से शिकायत कर रहे हैं. @ECISVEEP को जवाब देना चाहिए कि किन परिस्थितियों में मशीनें बदली गई हैं और चुनाव परिणाम पर होने वाले असर के लिए कौन ज़िम्मेदार होगा? बदले हुए नंबरों की सूची बहुत लंबी है पर एक छोटी सूची आप सबके अवलोकनार्थ संलग्न है.”

यह भी पढ़ें :-  Assembly Election 2024 : आंध्र प्रदेश, अरुणाचल, सिक्किम और ओडिशा में विधानसभा चुनाव 19 अप्रैल से

इसके बाद चुनाव आयोग की तरफ से भूपेश बघेल के आरोप पर जवाब दिया गया. आयोग ने कहा, “राजनांदगांव संसदीय क्षेत्र के कांग्रेस उम्मीदवार के साथ साझा किए गए ईवीएम नंबरों में कथित विसंगति तथ्यों पर आधारित नहीं हैं. मतदान के दौरान उपयोग की जाने वाली ईवीएम बिल्कुल चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों के साथ रैंडमाइजेशन के बाद रिटर्निंग ऑफिसर द्वारा साझा की गई मशीनों की सूची के अनुसार होती हैं.”

वहीं चुनाव आयोग के जवाब पर भूपेश बधेल ने फिर से एक पोस्ट किया, “अफ़सोस है @ECISVEEP कि आप जो कह रहे हैं, वो तथ्यात्मक रूप से ग़लत है. निर्वाचन आयोग की ओर से पोलिंग मशीन के बैलेट यूनिट, कंट्रोल यूनिट और VVPAT के नंबर Randomization Report में दिए गए. आयोग द्वारा मॉक पोल के दौरान निरस्त की गई / नई मशीनों की जानकारी के नंबर दिये गए. आयोग द्वारा डिटेल्ड कमिशनिंग रिप्लेस्ड रिपोर्ट में बैलेट यूनिट, कंट्रोल यूनिट और VVPAT के नंबर दिए गए. चुनाव के बाद में फॉर्म 17C में मशीनों के नंबर दिए गए. आयोग द्वारा एक ही बूथ जहां न ही मशीन बदली गई न ही निरस्त की गई वहां के लिए ( Randomization Report और फॉर्म 17 C में ) दो अलग-अलग नंबर दिए गए हैं. बताइए सही किसे माना जाए? एक बूथ पर दो नंबर के मशीन कैसे हो सकते हैं?”

यह भी पढ़ें :-  "सबसे पहले मैंने बताया, वहां मंदिर" : ASI के पूर्व निदेशक केके मोहम्मद ने कहा - अयोध्या में खुदाई के वक्त दिखायी थी हिम्मत

गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ की सभी 11 लोकसभा सीट के लिए राज्य के 33 केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा के बीच मंगलवार को मतगणना होनी है. इसमें 220 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला होगा. राज्य की 11 लोकसभा सीट पर 72.8 प्रतिशत मतदान हुआ था, जिसके लिए 19 अप्रैल, 26 अप्रैल और सात मई को तीन चरणों में मतदान संपन्न हुआ.

11 लोकसभा क्षेत्रों के अधीन आने वाले 90 विधानसभा क्षेत्रों की मतगणना के लिए 11 निर्वाचन अधिकारी, 476 सहायक निर्वाचन अधिकारी, 4362 गणना कर्मी और 1671 सूक्ष्म पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए हैं. इसके अलावा 42 गणना पर्यवेक्षण नियुक्त किए गए हैं. 84 विधानसभा क्षेत्रों में 14 टेबल पर और छह विधानसभा क्षेत्रों में 21 टेबल पर मतगणना होगी.


Show More

संबंधित खबरें

Back to top button