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"TMC के गुंडे लड़कियां उठा रहे…" : संदेशखाली हिंसा को लेकर स्मृति ईरानी का ममता सरकार पर आरोप

नई दिल्ली:

केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) पर जमकर हमला बोला है. उन्होंने टीएमसी सरकार पर संदेशखाली हिंसा को लेकर गंभीर आरोप लगाया है. केंद्रीय मंत्री ने कहा कि TMC के गुंडे लड़कियों का अपहरण कर रहे हैं. स्मृति ईरानी ने ममता बनर्जी से सवाल पूछा कि ममता बनर्जी टीएमसी कार्यकर्ताओं को यह इजाजत कैसे दे रही है कि वो घर-घर जाकर गुंडागर्दी कर रहे हैं. बताते चलें कि संदेशखाली बंगाल के 24 परगना जिले में स्थित है जहां पिछले दिनों हिंसा की घटना हुई थी.  घटना के बाद बंगाल के राज्यपाल ने भी राज्य की कानून व्यवस्था पर सवाल खड़ा किया था. 

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स्मृति ईरानी ने महिलाओं का रखा पक्ष

ईरानी ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि कुछ महिलाओं ने अपनी व्यथा को बांग्ला में शेयर किया है. देश के कई लोग उन बातों को नहीं समझ पाए होंगे. इसलिए उनकी बात को मैं आपलोगों को बता रही हूं. महिलाओं ने पत्रकारों से गुहार लगाई की उन्हें न्याय मिले. महिलाओं ने आरोप लगाया कि टीएमसी के गुंडे घर-घर जाकर देखते थे कि किस घर की कौन सी औरत सुंदर है. कौन कम उम्र की है. महिलाओं ने आरोप लगाया है कि टीएमसी के लोग उन्हें रात में उठा कर लेकर चले जाते थे.  जब तक टीएमसी वाले नहीं चाहते थे तब तक इन औरतों को नहीं छोड़ा जाता था. बीजेपी नेता ने कहा कि महिलाओं ने बताया है कि टीएमसी के गुंडे अधिकतर हिंदू परिवार की महिलाओं को चिन्हिंत कर के जाते थे. 

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यह नागरिक समाज के लिए एक चेतावनी है: राज्यपाल

राज्यपाल ने कहा था कि संदेशखाली घटना किसी सभ्य समाज में होने वाली सबसे बुरी घटना को दर्शाती है. वहां महिलाओं को परेशान किया जाता है और उन पर हमला किया जाता है. सत्तारूढ़ सरकार को दृढ़ता से और प्रभावी ढंग से कार्य करना होगा. बंगाल के राज्यपाल ने कहा था कि किसी को भी कानून अपने हाथ में लेने की इजाजत नहीं दी जाएगी. इस पर रोक लगाना सरकार की जिम्मेदारी है. मैं समझता हूं कि वहां निषेधाज्ञा लागू की गई है, पुलिस वहां है, विधानसभा सत्र चल रहा है. ऐसी स्थिति में कोई गुंडा या उसका समूह कानून अपने हाथ में लेता है, तो इसका मतलब है कि यह नागरिक समाज के लिए एक चेतावनी है.

महिलाओं ने क्या आरोप लगाया था?

संदेशखाली में प्रदर्शनकारी महिलाओं ने आरोप लगाया था कि शाहजहां और उसके ‘गिरोह’ ने उनका यौन उत्पीड़न करने के अलावा, जमीन के बड़े हिस्से पर बलपूर्वक कब्जा कर लिया है. शाहजहां के समर्थक सड़कों पर भी उतरे, जिससे तनाव और बढ़ गया. भाजपा विधायक एवं पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी ने आरोप लगाया था कि संदेशखाली में मानवाधिकारों का उल्लंघन किया गया है. अधिकारी के नेतृत्व में भाजपा विधायकों का एक प्रतिनिधिमंडल यहां राजभवन गया और एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें संदेशखाली में शांति बहाल करने के लिए बोस के हस्तक्षेप की मांग की गई.

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