देश

हिंदी की प्रसिद्ध लेखिका सूर्यबाला को 34वां व्यास सम्मान

हिंदी की प्रसिद्ध लेखिका सूर्यबाला को 34वां व्यास सम्मान

हिंदी लेखिका सूर्यबाला


नई दिल्ली:

हिंदी की जानी-मानी लेखिका सूर्यबाला को 34वें व्यास सम्मान से नवाज़े जाने का बुधवार को ऐलान किया गया. केके बिड़ला फाउंडेशन ने एक बयान में बताया कि लेखिका को 2018 में आए उनके उपन्यास ‘कौन देस को वासी: वेणु की डायरी” के लिए 2024 का व्यास सम्मान दिया जा रहा है. बयान के मुताबिक, 25 अक्टूबर 1943 में उत्तर प्रदेश के वाराणसी में जन्मी सूर्यबाला को इस सम्मान के तहत चार लाख रुपये की पुरस्कार राशि, प्रशस्ति पत्र और स्मृति चिह्न भेंट किया जाएगा.

हिंदी साहित्य में सूर्यबाला का अहम योगदान

फाउंडेशन ने बताया कि यह पुरस्कार भारतीय नागरिक की हिंदी की उस उत्कृष्ट साहित्यिक रचना को दिया जाता है जिसका प्रकाशन पिछले 10 साल के दौरान हुआ हो. बयान के मुताबिक, प्रतिष्ठित साहित्यकार प्रोफेसर रामजी तिवारी की अगुवाई वाली चयन समिति ने 34वें व्यास सम्मान के लिए सूर्यबाला के उपन्यास का चयन किया. इसमें कहा गया है कि काशी विश्वविद्यालय से पीएचडी करने वाली सूर्यबाला करीब साढ़े चार दशकों से हिंदी साहित्य को समृद्ध कर रही हैं.

50 से ज्यादा रचनाएं हो चुकी प्रकाशित

बयान के मुताबिक, उनके 50 से ज्यादा उपन्यास, कहानी, जीवनी, व्यंग्य, विदेश संस्मरण और बाल उपन्यास प्रकाशित हो चुके हैं. इसके अलावा उनकी कई रचनाएं भारतीय एवं विदेशी भाषाओं में अनूदित भी हुई हैं तथा उन्हें विभिन्न पुरस्कारों से नवाज़ा भी गया है.

(इस खबर को The Hindkeshariटीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)

यह भी पढ़ें :-  Election Results 2023 : "मोदी की गारंटी...", रुझानों में MP, राजस्थान और छत्तीसगढ़ में बीजेपी को बहुमत पर बोले मनसुख मांडविया

Show More

संबंधित खबरें

Back to top button